
रायपुर: ‘पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना’ के तहत उपभोक्ता अब ऊर्जा उत्पादक बन रहे हैं, मिल रही राहत
रायपुर : पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना’ से मिल रही बड़ी राहत, उपभोक्ता बन रहे ऊर्जा उत्पादक
डबल सब्सिडी और सौर ऊर्जा से कम हुआ बिजली बिल, बढ़ रही आत्मनिर्भरता
रायपुर
केंद्र और राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी ‘पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना’ प्रदेश में आम नागरिकों के लिए आर्थिक राहत और ऊर्जा आत्मनिर्भरता का सशक्त माध्यम बन रही है। सौर ऊर्जा को बढ़ावा देने वाली इस योजना के माध्यम से उपभोक्ता न केवल अपने बिजली खर्च में कमी ला रहे हैं, बल्कि अतिरिक्त ऊर्जा उत्पादन कर ‘ऊर्जा दाता’ के रूप में भी उभर रहे हैं।
इसी क्रम में सरगुजा जिले के अंबिकापुर क्षेत्र के ग्राम पंचायत भगवानपुर निवासी श्री शिशिर सरकार ने इस योजना का लाभ उठाकर उल्लेखनीय उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने अपने घर की छत पर 3 किलोवाट क्षमता का सोलर सिस्टम स्थापित कर बिजली के बढ़ते बिल से राहत पाई है।
डबल सब्सिडी से आसान हुआ निवेश
शिशिर सरकार ने बताया कि इस योजना के तहत उन्हें केंद्र सरकार से 78 हजार रुपये की सब्सिडी प्राप्त हुई है, जबकि राज्य सरकार की ओर से 30 हजार रुपये की अतिरिक्त अनुदान राशि प्रक्रियाधीन है। इस प्रकार डबल सब्सिडी के कारण सोलर सिस्टम स्थापित करना आर्थिक रूप से सहज हो गया है।
बिजली बिल में आई भारी कमी
उन्होंने बताया कि सोलर सिस्टम लगवाने से पहले उनका मासिक बिजली बिल 8 हजार से 11 हजार रुपये तक आता था, जो परिवार के लिए आर्थिक बोझ था। सौर ऊर्जा अपनाने के बाद अब बिजली बिल में उल्लेखनीय कमी आई है और उन्हें न्यूनतम खर्च वहन करना पड़ रहा है।
पर्यावरण संरक्षण में भी योगदान
शिशिर सरकार ने कहा कि सौर ऊर्जा स्वच्छ और पर्यावरण अनुकूल ऊर्जा स्रोत है, जिससे प्रदूषण में कमी आती है। उन्होंने क्षेत्र के अन्य नागरिकों से भी इस योजना का लाभ लेने की अपील की, ताकि ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा मिल सके।
उन्होंने योजना के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि शासन द्वारा प्रदान की जा रही आर्थिक सहायता और सरल प्रक्रिया ने सौर ऊर्जा को आम नागरिकों के लिए सुलभ बना दिया है। प्रदेश में ‘पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना’ के प्रभावी क्रियान्वयन से ऊर्जा बचत, आर्थिक राहत और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं।


